बुध गोचर 2026 - Budh Gochar 2026
ग्रह गोचर में बुध ग्रह का स्थान चतुर्थ स्थान पर आता है। बुध को ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बुद्धि का तथा प्रखरता का स्वामी माना जाता है। पौराणिक शास्त्रों के मुताबिक बुध क्योंकि चंद्र ग्रह और बृहस्पति की पत्नी तारा से उत्पन्न हुए हैं, और उनका पालन पोषण बृहस्पति ने किया हैं तो उनमे बृहस्पति और चन्द्र दोनों के गुण पाए जाते हैं गोचर में बुध राशि मंडल के 30 डिग्री अर्थात एक राशि को करीब 14 दिनों में भोग करते हुए करीब 170 दिनों में पुरे राशि मंडल का भोग कर लेता हैं। एक तरफ़ बुध ज्ञान को देने वाले हैं, दूसरी और तीव्रतम बुद्धि को प्रदान करने वाले हैं, और इसके साथ ही बुध ग्रह को सुंदरता, और सौम्यता, देने वाले ग्रहों में जाना जाता है, जहाँ तक बुध ग्रह के गोचर के बिषय को समझते हैं, तो बुध उत्तर दिशा के स्वामी, तथा नपुंसक ग्रहों में इनकी गिनती होती हैं।
बुध गोचर अवस्था
राशि चक्र में बुध, मिथुन, तथा कन्या, राशि के स्वामी हैं। इसके साथ ही बुध ग्रह कन्या राशि में 15 डिग्री तक परम उच्च होते हैं और बहुत ही शुभ फल देते हैं। इसके साथ ही मीन राशि के 15 डिग्री तक बुध नीचस्थ रहते हैं तथा अशुभ फल प्रदान करते हैं। बुध ग्रह भी अन्य ग्रहों के जैसे अपने मित्र ग्रहों जैसे सूर्य, और शुक्र की युति में तथा इनकी राशियों में शुभ फल प्रदान करते हैं। चंद्रमा क्योंकि परम शत्रु होने के कारण इनके युति में बुध अशुभ फल प्रदान करते हैं। मगंल, गुरु, शनि, और राहू के युति में तथा इनकी राशियों में शुभ फल प्रदान करते हैं। आइये जानते हैं की कब और किस राशि में बुध ग्रह का राशि परिवर्तन हो रहा हैं। बुध ग्रह का गोचर आपकी राशि पर क्या परिवर्तन लायेगा? जानिए सम्पूर्ण जानकारी बुध ग्रह के राशि परिवर्तन को लेके।
| सूर्य, शुक्र |
मंगल, गुरु, शनि |
चन्द्र |
कन्या 15° |
मीन 15° |
मिथुन, कन्या |
सुख |
14 दिन |
बुध गोचर प्रभाव
बुध ग्रह की विशेषता है, कि यह क्रूर ग्रहों के साथ जैसे की सूर्य, मंगल, के साथ युति होने पर क्रूर ही प्रभाव देता हैं। पाप ग्रह जैसे की राहु, केतु, और शनि के साथ रहने पर अशुभ फल प्रदान करते हैं। तथा सौम्य ग्रहों जैसे कि चंद्रमा, गुरु, और शुक्र के साथ रहने पर शुभ फल देते हैं। साथ ही गोचर बुध ग्रह दशम भाव, और चतुर्थ भाव (सुख भाव) का कारक होने के कारण व्यक्ति के जीवन में सुख, वैभव, मान, सम्मान, और संपत्ति के कारक हैं। शुभ ग्रहों के साथ होने पर इन स्थानों का शुभ फल मिलता हैं तथा बुध ग्रह क़ानून, वाणिज्य, शिल्प, और चिकित्सा शास्त्र के क्षेत्रों में भी ले जाने वाले है। आइये जानते हैं की कब और किस राशि में बुध ग्रह का राशि परिवर्तन हो रहा हैं। बुध ग्रह का गोचर आपकी राशि पर क्या परिवर्तन लायेगा? जानिए सम्पूर्ण जानकारी बुध ग्रह के राशि परिवर्तन को लेके।
जानिए आपकी कुंडली पर ग्रहों के गोचर की स्तिथि और उनका प्रभाव, अभी एस्ट्रोस्वामीजी के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्यो से परामर्श करें।
ग्रह बुध राशि परिवर्तन 2026 तिथि व समय
| कर्क से सिंह राशि में |
30 अगस्त 2026 शनिवार |
4:41 PM |
| सिंह से कन्या राशि में |
15 सितंबर 2026, सोमवार |
11:08 AM |
| कन्या से तुला राशि में |
शुक्रवार,3 अक्टूबर, 2026 |
03:43 AM |
| तुला से वृश्चिक राशि में |
शुक्रवार,24 अक्टूबर, 2026 |
12:26 PM |
| वृश्चिक से धनु राशि में |
गुरुवार,13 नवंबर, 2026 |
07:00 AM |
| धनु राशि में प्रतिगामी (Retrograde) |
मंगलवार,2 दिसंबर, 2026 |
09:00 PM |
| प्रतिगामी वृश्चिक राशि में |
सोमवार,8 दिसंबर, 2026 |
03:00 AM |
| वृश्चिक राशि में मार्गी (Direct) |
रविवार,21 दिसंबर, 2026 |
06:00 AM |
| वृश्चिक से धनु राशि में (पुनः) |
शुक्रवार,2 जनवरी, 2026 |
02:00 PM |
| धनु से मकर राशि में |
बुधवार,21 जनवरी, 2026 |
10:00 PM |
| मकर से कुंभ राशि में |
मंगलवार,10 फरवरी, 2026 |
08:00 AM |
| कुंभ से मीन राशि में |
सोमवार,2 मार्च, 2026 |
04:00 AM |
| मीन से मेष राशि में |
रविवार,22 मार्च, 2026 |
12:00 PM |
| मेष से वृषभ राशि में |
शुक्रवार,10 अप्रैल, 2026 |
09:00 PM |
| वृषभ से मिथुन राशि में |
शनिवार,2 मई, 2026 |
06:00 AM |
| मिथुन से कर्क राशि में |
बुधवार,20 मई, 2026 |
03:00 PM |
| कर्क से सिंह राशि में |
शनिवार,6 जून, 2026 |
11:00 PM |
| सिंह से कन्या राशि में |
शनिवार,27 जून, 2026 |
07:00 AM |