कृष्ण जन्माष्टमी (Janmashtami) – भगवान श्री कृष्ण सबसे अनोखी और अलग अवतार वाले देवता है। इनको पूरा हिंदू धर्म बाल रूप में पूजता है। भगवान श्री कृष्ण बड़े ही चंचल स्वभाव वाले हैं। यही कारण है कि सब भक्त उनके बाल रूप यानी लड्डू गोपाल की पूजा अर्चना करते हैं। हर साल हम जन्माष्टमी को बड़े ही धूमधाम से मनाते हैं और सभी को इंतजार रहता है कि कृष्ण जन्माष्टमी 2026 कब आएगी?
2026 में कब हैं जन्माष्टमी (Janmashtami)
चलिए तो आपको बता दें कि इस बार जन्माष्टमी 2026, 04 व 05 सितंबर को मनाई जाएगी, 4 सितंबर 2026 गृहस्थ लोगों के लिए व 5 सितंबर 2026 महात्माओं, संतों वैष्णव् के लिए इसलिए हम आपको बता रहे कि इस बार जन्माष्टमी को कैसे बनाएं। ताकि भगवान कृष्ण आप पर और आपके परिवार पर कृपा बरसाए। चलिए तो आज हम आपको जन्माष्टमी पर भगवान कृष्ण को खुश करने के लिए कुछ मंत्र जिनके उच्चारण मात्र से आप अपने लड्डू गोपाल से पा सकते हो पूरा लाभ।
यदि आप यह जानना चाहते हैं कि जन्माष्टमी का आपकी कुंडली पर क्या प्रभाव पड़ेगा, तो आप आसानी से कह सकते हैं — मेरा जन्म कुंडली बताओ
दरअसल, भगवान का पूजन कई तरीके से किया जाता है लेकिन जिसे सही तरीका पता होता है। वही भगवान को खुश कर पाता है, कई बार हमें सही मंत्रों का नहीं पता होता। जिस कारण हमें भक्ति करने के बावजूद भी फल नहीं मिलता है। इसलिए जन्माष्टमी पर भगवान कृष्ण को खुश करने के लिए आपको सही मार्गदर्शन की जरूरत है।
कृष्ण जन्माष्टमी 2026 पर्व तिथि व शुभ मुहूर्त
जन्माष्टमी 2026 पर्व तिथि – 4 सितंबर 2026
निशिथ पूजा – 11:57 पी एम से 12:43 ए एम
पारण – 06:01 ए एम, सितम्बर 05 के बाद
रोहिणी समाप्त – रोहिणी नक्षत्र रहित जन्माष्टमी
अष्टमी तिथि आरंभ – सितम्बर 04, 2026 को 02:25 ए एम
इस दिन यदि आप जानना चाहते हैं कि आपके जीवन में कौन सा ग्रह बाधा या सुख दे रहा है, तो ज्योतिष परामर्श लेना अत्यंत शुभ माना गया है।
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जन्माष्टमी पर इन मंत्रों से करें भगवान कृष्ण को प्रसन्न
दुख की घड़ी में इस मंत्र से भगवान को करें याद
करारविंदे पदारविंद्म मुखारविंद विनिवेशयत्नम ।
वटस्य पत्रस्य पुटे शयानम बालं मुकुंद्म मनसा स्मरामि ।।
इस मंत्र को जन्माष्टमी की पूजन के वक्त 21 बार अपने परिवार के साथ जाप करें।
कष्ट से मुक्ति पाने के लिए
ऊँ कृष्णाय वासुदेवाय हरये परमात्मने ।
प्रणतक्लेश नाशाय गोविंदाय नमो नमः
पाप नाशक इस मंत्र का भगवान कृष्ण के सामने 51 जाप करे
ऊँ सच्चिदानन्द रूपाए विश्वोत्पत्यादि हेतवे ।
विनाशाय श्री कृष्ण त्वामंह वयं नम:
मनोकामना पूर्ण करने के लिए इस मंत्र का जाप करें
मूंक करोति वाचालं पंगुं लंघयते गिरिम् ।
यत्कृपा तमहं वन्दे परमानन्दमाधवम् ।।
किसी भी दंपति के लिए सबसे बड़ा दुख वह होता है। जब उन्हें संतान की प्राप्ति नहीं हो पाती। हर मनोकामना पूर्ण करने वाले हैं जन्माष्टमी संतान प्राप्ति के लिए इस मंत्र का जाप करें
ॐ देवकीसुतगोविंद वासुदेवजगत्पते ।
देहि में तनयं कृष्ण त्वामंह शरण गत: ।।
जन्माष्टमी के दिन हमें बहुत सारी तैयारियां करनी होती है। जिससे हमें बैठकर मंत्रों के जाप करने का वक्त नहीं मिल पाता है। चलिए तो हम आपको ऐसा मंत्र बता देते हैं, जिसका आप काम करते-करते भी उच्चारण कर सकते हैं:
ओम नमो नारायण भगवते वासुदेवाय नमः।।
विद्या प्राप्ति के लिए जाप करें
ऊँ कृष्ण कृष्ण महाकृष्ण सर्वज्ञ त्वं प्रसीद मे।
रमारमण विद्देश विद्यामाशु प्रयच्छ मे।।

सिद्धि प्राप्त के लिए
हरे कृष्ण हरे कृष्ण, कृष्ण कृष्ण हरे हरे।
हरे राम हरे राम, राम-राम हरे हरे।।
अपने लड्डू गोपाल की विशेष कृपा पाने के लिए
श्री कृष्ण गोविंद हरे मुरारी
हे नाथ नारायण वासुदेवा।।
पितु मातु स्वामी सखा हमारे
हे नाथ नारायण वासुदेवा।।